दिल्ली के पूर्व मंत्री और आम आदमी पार्टी के नेता कैलाश गहलोत आज भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गये। इस दौरान वरिष्ठ भाजपा नेता मनोहर लाल, पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बैजयंत पांडा और दिल्ली भाजपा प्रमुख वीरेंद्र सचदेवा सहित अन्य पार्टी के नेता मौजूद थे।
कैलाश गहलोत ने भाजपा की सदस्यता लेने के बाद मीडिया से बात करते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी छोड़ना मेरे लिए आसान कदम नहीं था। अन्ना आंदोलन से मैं पार्टी से जुड़ा था। लगातार दिल्लीवासियों के लिए काम किया। हर कोई सोच रहा है कि मैंने किसी दबाव में यह निर्णय लिया। मैंने आज तक किसी के दबाव में कोई काम नहीं किया। 2015 से राजनीतिक जीवन से पार्टी में रहकर कोई भी काम दबाव में नहीं किया।
कैलाश गहलोत ने कहा कि ये नैरेटिव फैलाया जा रहा है कि मैंने ईडी और सीबीआई के दबाव में आम आदमी पार्टी छोड़ दी। ये सारी गलतफहमी है। ये एक रात में लिया गया निर्णय नहीं है। मैं पेशे से वकील हूं। वकालत छोड़कर आम आदमी पार्टी से जुड़ा। लाखों कार्यकर्ता ने काम छोड़ा और एक विचारधारा और पार्टी से जुड़े। क्योंकि उस पार्टी में सबने एक उम्मीद देखी थी। दिल्लीवासियों और लोगों की सेवा करने के मकसद से मैं आम आदमी पार्टी से जुड़ा था।
गहलोत ने कल आम आदमी पार्टी से इस्तीफा दे दिया। आप संयोजक अरविंद केजरीवाल को लिखे अपने त्यागपत्र में गहलोत ने कहा कि पार्टी आज गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं ने लोगों के प्रति पार्टी की प्रतिबद्धताओं को पीछे छोड़ दिया है, जिसके कारण कई वादे अधूरे रह गए हैं।

No comments:
Post a Comment
Note: only a member of this blog may post a comment.