Tuesday, 12 September 2017

वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री महेन्द्र सिह कालूखेड़ा का निधन


वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री महेन्द्र सिह कालूखेड़ा का निधन

कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक महेंद्र सिंह कालूखेड़ा का सोमवार को दिल्ली में निधन हो गया। उनकी पार्थिव देह मंगलवार को दिल्ली से विमान से लाया जाएगा और अंतिम संस्कार बुधवार को रतलाम जिले के कालूखेड़ा गांव में किया जाएगा। वे 72 वर्ष के थे।

महेंद्र सिंह कालूखेड़ा 21 अगस्त को विधानसभा में प्राकल्लन समिति की बैठक में शामिल होने पहुंचे थे, लेकिन सीढ़ियों के पास ही उन्हें बेचैनी हुई। उन्हें तुरंत हमीदिया अस्पताल ले जाया गया और फिर वहां से बंसल अस्पताल में भर्ती कराया गया। इसके बाद एयर एंबुलेंस से गुड़गांव के मेदांता हॉस्पिटल में शिफ्ट किया गया था। वहां उनकी हालत में कुछ सुधार भी हुआ था, लेकिन सोमवार की शाम को उनकी हृदय गति थम गई।



छह बार विधायक व एक बार सांसद रहे

27 साल की उम्र में वे पहली बार 1972 में विधायक बने थे। मप्र विधानसभा में छह बार निर्वाचित होकर पहुंचे थे। वे 1984 में गुना संसदीय सीट से सांसद भी रहे। 1981 से 84 तक वे मप्र गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष भी रहे। 1993 में दसवीं विधानसभा में दिग्विजय सिंह सरकार में स्कूल शिक्षा मंत्री रहे तथा ग्यारहवीं विधानसभा में कृषि व सहकारिता मंत्री के रूप में काम किया। 1993-96 में मप्र पाठ्य पुस्तक निगम, 1998-2003 तक मप्र बीज निगम व एमपी एग्रो इंडस्ट्रीज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष रहे। चौदहवीं विधानसभा में वे लोक लेखा समिति और प्राकल्लन समिति के सभापति थे।

कर्मठ व निष्ठावान कार्यशैली ने ही कालूखेड़ा को कई महत्वपूर्ण पदों तक पहुंचाया। सिंधिया घराने से उनकी शुरू से घनष्ठिता रही। राजनीतिक, सामाजिक, सहकारिता व खेल से जुड़े कई पदों पर उन्होंने अहम भूमिका निभाई। वे मप्र क्रिकेट एसोसिएशन के वाइस प्रेसीडेंट रहे। स्‍वर्गीय माधवराव सिंधिया के खास सहयोगी रहते हुए वे मध्‍यप्रदेश क्रिकेट संगठन की गतिविधियों में भी सक्रिय रहे।

मेरे लिए व्यक्तिगत क्षति: सिंधिया

कांग्रेस विधायक कालूखेड़ा के निधन पर सांसद व पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा है कि मेरे लिए व्यक्तिगत क्षति है। वे सिर्फ मेरे सहयोगी नहीं बल्कि परिवार के सदस्य थे। उन्होंने प्रदेश ही नहीं, देश के राजनीतिक पटल पर सांसद मंत्री और दुग्ध संघ के पुरोध के रूप में विशिष्ट पहचान बनाई। दुग्ध क्रांति के जनक कुरियन के साथ दुग्ध क्रांति को गांव-गांव तक पहुंचाने में योगदान दिया। उनकी आकस्मिक मृत्यु, ऐसा रिक्त स्थान छोड़ गई है जिसे भरना नामुमकिन होगा। ईश्वर उनके परिजनों को यह क्षति सहन करने की शक्ति प्रदान करे।

क्षतिपूर्ति संभव नहीं सकती: कमलनाथ

सांसद व पूर्व केंद्रीय मंत्री कमलनाथ ने कालूखेड़ा के निधन पर कहा है कि निश्चित तौर पर उनका निधन एक ऐसी क्षति है जिसकी पूर्ति करने की कल्पना नहीं की जा सकती। ईश्वर उनकी दिवगंत आत्मा को शांति प्रदान करे और उनके परिजनों को दुख सहन करने की शक्ति दे।

विधानसभा की मुखर आवाज थे: मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कालूखेड़ा के निधन पर ट्वीट करते हुए कहा है कि विधानसभा में विपक्ष की मुखर आवाज रहे साथी महेंद्र सिंह कालूखेड़ा का निधन प्रदेश के लिए अपूर्णीय क्षति है।

सफल मंत्री व विधायक थे: भाजपा अध्यक्ष

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान ने कालूखेड़ा के निधन पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि वे अपने दल के लिए पूरी निष्ठा और ईमानदारी से काम किया। वे मध्यप्रदेश की राजनीति में सदैव सफल मंत्री और विधायक के रूप में जाने गए। उनके निधन से प्रदेश की राजनीति को गहरा धक्का लगा है।

कांग्रेस के लिए अपूर्णीय क्षति: अरुण यादव

कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अरुण यादव ने ट्वीट कर कहा है कि हमारे मार्गदर्शक महेंद्र सिंह कालूखेड़ा का आकस्मिक निधन कांग्रेस के लिए अपूर्णीय क्षति है। ईश्वर दिवगंत आत्मा को शांति प्रदान करे।

रिक्त की पूर्ति नहीं हो सकती: स्पीकर

विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सीतासरन शर्मा और उपाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र कुमार सिंह ने महेंद्र सिंह कालूखेड़ा के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि उनके निधन से प्रदेश में बने रिक्त स्थान की पूर्ति नहीं हो सकती।

मेरा अच्छा साथी रहा: नेता प्रतिपक्ष

नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने कालूखेड़ा के निधन पर कहा है कि मैंने एक अच्छा साथी, प्रदेश ने बेहतर जनप्रतिनिधि और कांग्रेस ने निष्ठावान सिपाही खो दिया है जिसकी क्षतिपूर्ति नहीं हो सकती।

विद्वान लोकनेता खोया: पारस

पूर्व विधायक पारस सकलेचा ने कालूखेड़ा के निधन पर श्रद्धांजलि देते हुए कहा है कि प्रदेश ने एक गंभीर और विद्वान लोकनेता को खो दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कालूखेड़ा के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उनके निधन से प्रदेश ने एक जननेता को खो दिया है। पीसीसी संगठन प्रभारी महामंत्री चंद्रिका प्रसाद द्विवेदी, मुख्य प्रवक्ता केके मिश्रा, बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता रजनीश अग्रवाल आदि नेताओं ने भी कालूखेड़ा के निधन पर श्रद्धांजलि अर्पित की है।

 

No comments:

Post a comment

Note: only a member of this blog may post a comment.